तो बैठ जाओ......
हेलो, हेलो। फोन उठाने पर नेता ने महिला से कहा-बहन जी, कहां हो? उत्तर मिला-खेत मेे।
नेता ने कहा-पता होगा कि मैं खड़ा हूं। तो फिर पैरों से बैर है क्या? बैठ क्यों नहीं जाते-महिला ने आवाज लगाई।
नेता ने फिर से कहा-मैं चुनावों में खड़ा हूं। तो फिर साफ साफ यूं क्यों नहीं बोलते-महिला ने जवाब दिया।
तो इस बार मुझे ही वोट देना-नेता बोला।
महिला ने उत्तर दिया-ना बाबा ना। अगर खून खान चाहिए तो ले लो किंतु वोट की बात न करना। इतना कहकर फोन काट दिया। किसान हेलो, हेलो करकेे शांत हो गया।
**होशियार सिंह, लेखक,कनीना,हरियाणा**
हेलो, हेलो। फोन उठाने पर नेता ने महिला से कहा-बहन जी, कहां हो? उत्तर मिला-खेत मेे।
नेता ने कहा-पता होगा कि मैं खड़ा हूं। तो फिर पैरों से बैर है क्या? बैठ क्यों नहीं जाते-महिला ने आवाज लगाई।
नेता ने फिर से कहा-मैं चुनावों में खड़ा हूं। तो फिर साफ साफ यूं क्यों नहीं बोलते-महिला ने जवाब दिया।
तो इस बार मुझे ही वोट देना-नेता बोला।
महिला ने उत्तर दिया-ना बाबा ना। अगर खून खान चाहिए तो ले लो किंतु वोट की बात न करना। इतना कहकर फोन काट दिया। किसान हेलो, हेलो करकेे शांत हो गया।
**होशियार सिंह, लेखक,कनीना,हरियाणा**
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