Friday, October 31, 2025

                             

 खुशियां बांटों
गम तो चलते चलते मिलता,
खुशियां मिलती है अति दूर।
रोते चेहरों को हंसा देंगे गर,
चेहरे पर खिल उठता है नूर।।
चार दिन जीकर जाना जगत,
फिर भूला देंगे स्वार्थी लोग।
धर्म कर्म की राह पकड़ ले,
वरना गम की दुनिया भोग।।
**होशियार,कनीना,हरियाणा

        आदत
ये आदत बन गई कमी निकालना,
बुरे वक्त अपनों को न पहचानना।
कुछ की तो आदत जहान में यारों,
सच बात को सच कभी न मानना।।
दूसरे की उन्नति पर वे रोते फिरते है
पाप अधर्म से वो कभी ना डरते हैं।
उनके लिए तो अल्प ज्ञान सहारा है,
वीर पुरुष इनके श्राप से न मरते हैं।।
***होशियार सिंह यादव,कनीना
महेंद्रगढ़, हरियाणा-123027


Wednesday, October 29, 2025

  तंज
आगे बढऩे वाले पर तंज कस


ते हजार,
मूर्ख,अधम,निशाचर से करो नहीं प्यार।
आगे बढऩे की खातिर,हरदम रहो तैयार,
टांग खिंचने वालों की होगी जरूर हार।।
उल्टा बोलने वाले भी, उल्टे टंग जाते हैं,
शांतभाव से रहने वाले,सदा नाम पाते हैं।
निज कर्म में लीन रहो,बदल जाएंगे लोग,
बुरे दिन आते रहते जीवन का यह संयोग।।
**होशियार सिंह यादव,कनीना,हरियाणा

             छठ मइया
छठ मइया की पूजा से होती मन्नत पूरी,
अजमाके तो देखिये इच्छा रहे न अधूरी।
तन मन सब साफ हो, रोग दोष हो दूर,
36 घंटों के व्रत से तन पर आता है नूर।।
कर्ण सा दानी करता था, सूर्य षष्ठी पर्व,
ऐसा योद्धा जग में नहीं, सुनकर हो गर्व।
पैराबैंगनी किरणों से बचना जरूरी आज,
व्रत तप जप करना, होगा जन जन नाज।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना
विश्व रिकार्डधारक, महेंद्रगढ़,हरियाणा



Monday, October 27, 2025

 
                     शमशान



मां बाप की कद्र नहीं
वो घर शमशान हो जाता है,
ऊंची आवाज औरत की
वो नरक के द्वार ले जाता है।
जहां मांस मदिरा पीते हैं
उस जगह पाप भर जाता है,
नियम कानून भंग करता
वो जन आतंकी बन जाता है।।
डा. होशियार सिंह यादव,कनीना
जिला-महेंद्रगढ़,हरियाणा*****

    छठ पूजा
अपार श्रद्धा दिखाई पड़ती,
छठ पूजा का पर्व निराला।
गोता लगाते अघ्र्य देते जब,
ध्यानमग्र बनके मतवाला।।
नर -नारी व्रत कर रहे अब,
28 अक्टूबर को होगा पूरा।
भक्ति जिसमें भरी अपार है,
सपना कभी रहे ना अधूरा।।
***डा. होशियार सिंह यादव
कनीना,महेंद्रगढ़,हरियाणा**

Saturday, October 25, 2025

            
                  बाजरा



वर्षा की मार पड़ी भारी,बाजरा हुआ खराब,
किसान फिरते मारे मारे, किससे कहे जनाब।
मंडी में सस्ता बिकता,कृषक यहां पर पिसता,
सरकारी भाव मिले न,बेचारा जूते ही घिसता।।
आशा सारी धूमिल हुई,मिला नहीं कोई लाभ,
क्या क्या सपने संजोये,धूल में मिले हैं ख्वाब।
हारकर खेत में लगा, सरसों की कर दी तैयारी,
कितनेे ही दर्द जहां दे,खेती फिर भी लगे प्यारी।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना*****
विश्व रिकार्डधारक, जिला-महेंद्रगढ़,हरियाणा


              छठ पूजा
सूर्य उपासना का पर्व आया,
कर्ण भी उपासक कहलाया।
राजपाट भी वापस मिला था,
श्रीकृष्ण ने द्रोपदी बतलाया।।
धन धान्य से जन परिपूर्ण हो,
खुशियों की आ जाये बारात।
गम खुशियों में बदल जाएंगे,
छठ पूजा व्रत करो दिन रात।।
***डा. होशियार सिंह यादव
कनीना,महेंद्रगढ़,हरियाणा****

Thursday, October 23, 2025

              भैया दूज



अटूट प्रेम भाई और बहना,
कहते आये बुजुर्ग और संत।
नहीं प्रेम गर दोनों में समझो,
समाज बंधनों का हुआ अंत।।
यम यमी जैसा प्रेम कहलाए,
भैया दूज का यह पर्व बताए।
सदियों से चली आई ये प्रथा,
पर्व की खुशी दिल में बसाये।।
***डा. होशियार सिंह यादव
विश्व रिकार्डधारक,कनीना,हरि.

       मोबाइल क्रांति
कूड़ा बीनने वाला देख रहा मोबाइल,
गाय,भैंस चराने वाला देख रहा भाव।
टायलेट में बैठा करे दोस्तों को प्रणाम,
ठगी करने वाला चकता रहता है दाव।।
गीत गाने वाली मोबाइल में ढूंढे गीत,
कितने बहके मोबाइल पर छोड़ते घर।
जंगल,पहाड़ कहीं भी बस खुश इंसान,
पुलिस को फोन करें नहीं रहा अब डर।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना
जिला-महेंद्रगढ़,हरियाणा**********



Tuesday, October 21, 2025

 
 
                 अन्नकुट पर्व
गोवर्धन पर्वत उठाया, गोकुल सारा नीचे आया,
इंद्र के कोप से बचाया, श्रीकृष्ण की यही माया।
गायों की सेवा की, गोपालक जग में कहलाया,
धूप में तपते जो प्राणी, उनको देता वो ही छाया।।
विष्णु के दस अवतार, श्रीकृष्ण रूप प्रमुख माना,
धर्म की कर स्थापना,कान्हा रूप में सबने जाना।
गौमाता की सेवा करने,लिया कृष्ण रूप अवतार,
नजर उठाकर देख लो, पूरी सृष्टि का वो आधार।
***डा. होशियार सिंह यादव, कनीना,महेंद्रगढ़
       विश्व रिकार्डधारक, हरियाणा*******


           दीपावली
जल उठे हैं दीप, घर और आंगना,
खुशियों की बारात,चेहरों पर आज।
मीठा खा रहे ,नमकीन की है आश,
दिल में उमंग,उभर रहे हैं कई राज।।
पटाखे, फुलझड़ी, कहीं चले राकेट,
रंग बिरंगी लडिय़ों की, देखो बहार,
रसगुल्ले,गुलाबजामुन,खा लो चमचम।
शहीदों को कर याद,बुजुर्ग आशीर्वाद,



खुशियों में डूब जाओ,भुला दो गम।।
***होशियार सिंह यादव,कनीना
जिला-महेंद्रगढ़,हरियाणा******

       

Saturday, October 18, 2025

 
                  ऐसे लोग



पाड्डी ऊंट चोरी करते थे,अब ईंट पत्थर उठाते हैं,
अवैध कब्जा कर रास्तों पे,ऊंचे मकान बनाते हैं।
मर्दों को घर बुला-बुलाकर,बच्चे पैदा करवाते हैं,
नामर्दों की भांति रह,बस अपनी शान बचाते हैं।।
बिजली पानी चोरी करके, दानी खूब कहाते हैं,
बैनर बोर्ड राह में लगा,नेता संग हाथ मिलाते हैं।
घर में सत्संग भजन करा, गैरों की ईंट चुराते हैं,
अपनी बीवी से दूर रहे, गैरों से आंख लड़ाते हैं।।
***डा. एचएस यादव,विश्व रिकार्डधारक
कनीना,महेंद्रगढ़,हरियाणा*************

       दीप जलाए
उन निर्धन के घर दीप जलाएं,
रोटी को तरसते जो नन्हें बच्चे।
एक पीस मिठाई खिला देना है,
बच्चे मन के सदा मिलते सच्चे।।
अनाप शनाप रोटी मिले खराब,
मुस्टंडे पीते जहां खड़े हो शराब।
बांट दो गरीबों में भोजन व पानी,
क्यों नशा चढ़ा धन का जनाब।।
***होशियार सिंह यादव,कनीना
महेंद्रगढ़, हरियाणा

Thursday, October 16, 2025

 

             धन तेरस
आखिर आया धन तेरस त्योहार,
लाओ बर्तन भर लो अमृतधार।
धन्वंतरि की याद दिलाता दिन,
पर्व लेकर आया अनहद प्यार।।
हर घर से खरीदते हैं नया बर्तन,
चाहत होती है अमृत हर इंसान।
मेहनत करके जो कुछ मिलता,
समझ लो उसको ही अमृतधार।।
***होशियार सिंह यादव,कनीना
महेंद्रगढ़,हरियाणा********
     विश्वास
कर्म फल में विश्वास कर, कुछ तो दाता से डर,
नाम कमा ले जगत में, फिर तो इस धरा पे मर।
पाप कर्मों का फल बुरा, ऐसा करता वो दुष्ट नर,
सब कुछ छोड़के जाना पड़ता,बस दाता के घर।।
शिक्षा देते कितने ही पर, अमल करें वो इंसान,
किसी के हित को भूल गया, कहते उसे अज्ञान।
जन्मों के चक्कर में पड़कर,बन जाता जन अंजान,
कौन है तू, क्या करना तुझको,अब तो पहचान।।


Tuesday, October 14, 2025

 नाम कमाओ
ऐसे कर्म करो जग में, हो मात पिता का नाम,
परहित,धर्म कर्म करो, जीवन बन जाये धाम।
पाप कर्म करने वालों, कभी नहीं यूं इतराना,
याद रहे एक न एक दिन,आती अंतिम शाम।।
किस्मत में मिले जिंदगी, कर लो सुंदर काम,
नीच और बुरे कर्म से, होता है जन बदनाम।
आज नहीं तो कल को, जाना है हर इंसान,
ऐसे कर्म कर लेना जग, बन जाये पहचान।।
***डा. होशियार सिंह यादच, कनीना
विश्व रिकार्र्डधारक, महेंद्रगढ़,हरियाणा


               फ्राड
आनलाइन अब बढ़ गये, कितने ही फ्राड,
पकड़कर ऐसे लोगों को,धरती में दो गाड़।
सामान के नाम पर भेजते हैं रोड़ा व पत्थर,
खोलकर अपना पैकेट आते कितने चक्कर।।
आया है मोबाइल युग,फ्राड़ बढ़ते ही जाये,
लोग बात करते हुए भी, कितने ही कतराये।
रोकर,हंसकर बात करे,कर देते हैं फिर दगा,
ठगों के लिए पराये हैं,कोई नहीं जगत सगा।।
*डा. होशियार सिंह यादव,विश्व रिकार्उधारक
कनीना,महेंद्रगढ़,हरियाणा***********

          अब तो आ गोपाल
पैर काट चांदी ले गये,वो जघन्य अपराध किया,
ये यहीं देश मेरा है,जहां शिव ने कालकूट पिया।
धन की खातिर जान लेते, पल में हत्या करते हैं,
घोर अपराधों से दुष्ट, लेशमात्र भी नहीं डरते हैं।।
अपने ही अपनों का यूं तों, खून करते देखे जाते,
लाखों पाप करते मिलते, वो जग में नाम कमाते।
अब तो आ गोपाला, मन मंदिर दर्द उठा है आज,
राक्षसों को मार दे दाता, हर जन को होगा नाज।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना,महेंद्रगढ़
विश्व रिकार्डधारक, शिक्षा के क्षेत्र में,हरियाणा*


Sunday, October 12, 2025

                 रंग रोगन
रंग रोगन में लगे हुए हैं, दिवाली


की दस्तक,
साफ सफाई कर लेना,मां को करो नतमस्तक।
दीवाला निकल जाता,फिर भी त्योहार पर गर्व,
आतिशबाजी करते, हिंदुओं का यह महापर्व।।
बाजारों में रौनक बढ़ी है,गंदगी भरी हैं मिठाई,
घर की मिठाई खाना, वरना होगी जन हंसाई।
सोच समझकर खरीददारी कर,वरना पछताना,
लक्ष्मी मां अरदास करूं, मेरे घर में आ जाना।।
**डा. होशियार सिंह यादव,कनीना
जिला-महेंद्रगढ़, हरियाणा


  अब तो आ गोपाल
पैर काट चांदी ले गये,वो जघन्य अपराध किया,
ये यहीं देश मेरा है,जहां शिव ने कालकूट पिया।
धन की खातिर जान लेते, पल में हत्या करते हैं,
घोर अपराधों से दुष्ट, लेशमात्र भी नहीं डरते हैं।।
अपने ही अपनों का यूं तों, खून करते देखे जाते,
लाखों पाप करते मिलते, वो जग में नाम कमाते।
अब तो आ गोपाला, मन मंदिर दर्द उठा है आज,
राक्षसों को मार दे दाता, हर जन को होगा नाज।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना,महेंद्रगढ़
विश्व रिकार्डधारक, शिक्षा के क्षेत्र में,हरियाणा*

Friday, October 10, 2025

             करवा चौथ



सुपति की कामना ले, करती युवती व्रत,
अब तो पुरुष व्रत करें समझो क्या अर्थ।
खांडसारी के करवे खाये,ऐसा है विधान,
रात 8:13 पर चांद दिखे, बढ़ जाए शान।।
करवा चौथ कहानी सुने,स्त्री लगती प्यारी,
चांद को अध्र्य देकर, प्रसन्न मिलती नारी।
सज धजकर व्रत खोलती,पीती खूब पानी,
कितने कष्ट सहे औरत, सुनो जरा कहानी।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना
महेंद्रगढ़,हरियाणा*************

   आराधना
अर्घ दिया जब चांद को, हुई आराधना पूरी,
सम्मुख चांद को देखकर, इच्छा रही अधूरी।
अगले जन्म तुम पति बनो,पत्नी बनूं तुम्हारी,
दुनियां याद रखेगी, ऐसी जोड़ी बने हमारी।।
त्याग तपस्या देखकर, पति को आया याद,
हाथ जोड़कर की याचना, और की फरियाद।
हे दाता, इन्हें बनाना मेरी पत्नी,ये है अरदास,
ऐसी पत्नी कहा मिलेगी,जो आती मुझे रास।।
***होशियार सिंह यादव कनीना
महेंद्रगढ़,हरियाणा**********


Wednesday, October 08, 2025

 




         शरद पूर्णिमा
16 कलाओं का चंद्रमा,दे रहा आवाज,
शरद पूर्णिमा के चांद में, भरे हुये राज।
दर्शन जरूर कर लो,ऊर्जा तन भर जाए,
सर्दी के मौसम में, स्वास्थ्य सुख पाये।
चांद के प्रकाश में, खीर बनाकर रखो,
सुबह खाली पेट, प्रसाद रूप में चखो।
पा लेना आशीर्वाद,गुरु,बुजुर्ग और संत,
कष्टों में राहत मिले,नहीं हो जल्द अंत।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना
विश्व रिकार्डधारक,महेंद्रगढ़,हरियाणा*

              लूट
दीपावली पर्व आ गया, मच गई है लूट,
नकली माल बिक रहा, कहते भारी छूट।
मिठाई घटिया बिकेंगी,प्रशासन बना मौन,
जहर जमकर खाएंगे, रोके जहर को कौन।
आनलाइन ठगी चले, मानवता जाये भाग,
यूं ही चलता देश में, कितने अलापते राग।
भ्रष्ट लोग, भ्रष्ट अधिकारी आंखें लेते फेर,
पैसे पाकर लोग तो, मारकर जन करे ढेर।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना
महेंद्रगढ़, हरियाणा-9306300700

Monday, October 06, 2025

 




      सबक
मरते दम तक याद रहे जो,
उन्हें ऐसा पाठ पढ़ा देना।
देशद्रोही जो भारत देश के,
नरक का राह दिखा देना।।
हत्या,बलात्कारी, गुंडों को,
फांसी की सजा सुना देना।
आंख उठाकर देख रहे जो,
उन्हें नानी याद दिला देना।।
***डा. होशियार सिंह यादव
कनीना,महेंद्रगढ़,हरियाणा***


                 वर्षा
जीवन का आधार है,कृषक करता प्यार है,
खूब वर्षा फसल बढ़े,बढ़ जाता व्यापार है।
कभी बाढ़ आती है तो सब कुछ बह जाता,
कितने जीवों को शरण,करता यह उद्धार है।।
सूखा पड़ता जब कभी, त्राहि त्राहि करते हैं,
गहरा पानी देखकर, हर जन जीवन डरता है।
गंगा का जल पूजा जाये,अमृत सा कहलाए,
प्रदूषित जल बन जाए,तो मौत का आधार है।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना
विश्व रिकार्डधारक, महेंद्रगढ़, हरियाणा****

Saturday, October 04, 2025

                  साथी
जिंदगी घटती जा रही,कौन


किसी का साथी,
कोई भूख सेे मर रहा,कोई बैठके जाये हाथी।
धन की चाहत में, अपने करे अपनों का खून,
बुरा वक्त जब आ पड़े, घर में न मिलेगा चून।
बुरे वक्त में काम आये, सच्चा मान लो दोस्त,
स्वार्थी देते साथ जब तक मिलेगा धन-पोस्त।
कौन किसी को चाहे,नहीं चाहे निज बेटा बेटी,
नेता उनको चाहेगा जो भर देता वोट की पेटी।।
***डा. होशियार सिंह यादव,कनीना,महेंद्रगढ़
  विश्व रिकार्डधारक, हरियाणा**********
     मतलब
मतलब का संसार है,
बिन मतलब मिले दूर।
मतलब की चाहत में,
खाए आटे संग में बूर।।
मतलब हो तो दोस्त हैं,
बिन मतलब मिले दूर।
निकला मतलब देखिये,
कितना मिलता है गरुर।।
**होशियार सिंह,कनीना
महेंद्रगढ़,हरियाणा


Wednesday, October 01, 2025


 

              खुशियां
छीन जाती हैं खुशियां, बस्तों के बोझ तले,
मां बाप छुटकारा पाने को,भेज देते स्कूल।
अबोध जाते वैन में, कैसे हो पाये विकास,
बड़े होने पर समझते, क्या हुई इनकी भूल।।
अनावश्यक पढऩा पड़े, खा लेते कई फांसी,
जितना ज्ञान दिया दाता, उतना आगे बढेगा।
ज्ञान तो प्रकृति की देन, शिक्षा नहीं है दासी,
जिसका मन जिस क्षेत्र में,उसमें आगे बढ़ेगा।।
***होशियार सिंह यादव,कनीना,महेंद्रगढ़
विश्व रिकार्डधारक, हरियाणा********

                रावण
अभिमान में होता अंत,चाहे रावण या हो संत,
दस शीश रावण हो या फिर हो शीश अनन्त।
स्वाभिमान हो हनुमत सा, सफल हो हर बार,
पाप, घृणा छोड़कर, अब आवाज करो बुलंद।।
हिम्मत का हथियार हो, शांत रहो जैसे श्रीराम,
एकाग्र रहना सीखो, लगे की कोई बैठा धाम।
कितने पापी, राक्षस गये,कोई करता नहीं याद,
परहित,देव गुणों से ही जग में पा सकता नाम।।
**डा. होशियार सिंह यादव,कनीना,महेंद्रगढ़
विश्व रिकार्डधारक, हरियाणा******