Saturday, February 01, 2020


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पालक हरा भरा शाक है जो इरान की उत्पत्ति कहलाती है। इसे परसियन सब्जी कहते हें। यह ऊर्जा कम देता है किंतु पोषण अधिक करता है। यह हृदय, दिमाग एवं पेट को स्वस्थ रखता है और खून की कमी में रामबाण है। विस्तार से मेरे ब्लाग पर पढ़े।
बोतल ब्रुश उस पौधे का नाम है जिसके फूल लगने पर बोतल के बु्रश जैसे नजर आते हैं। यह आंतों के रिंगवोर्म को दूर भगाने तथा चाय बनाकर विशेष खुशबू में काम आता है। विस्तार से मेरे ब्लाग पर पढ़े।
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मेहंदी एक झाड़ीनुमा पौधा होता है जो यूनान में सदियों से प्रयोग में लाया जा रहा है। यह कुछ व्यक्तियों में एलर्जी करता है। इसे हिना नाम से जाना जाता है। लिवर की बीमारी, जलन, टूटे नाखून को ठीक करने के काम आता है। विस्तार से मेरे ब्लाग पर पढ़े।
चाइनीज रोज गुडहल से मिलता जुलता फूल है। गुड़हल जो जूता चमकाने में काम आता है और जूता फूल कहलाता है ठीक उसी प्रकार चाइनीज रोज चाइनीज दवाएं बनाने के काम आता है। माहवारी के दर्द को मिटा देता है। विस्तार से मेरे ब्लाग पर पढ़े।
गोखरू भारत का वियाग्रा होता है। जंगल में या इधर उधर बंजर पड़ी जमीन पर भारी मात्रा में सितंबर माह में मिलता है। यह शारीरिक कमजोरी, बवासीर, शरीर की गर्मी, गुर्दे की पत्थरी, खून को साफ करने एवं हृदय रोगों में रामबाण है।भाखड़ी से इसके गुण मिलते हैं। विस्तार से इसके बारे में मेरे ब्लाग से पढ़े।
गन्ना घास कुल का पौधा होता है जो खेत में उगाने से नाइट्रोजन की आपूर्ति करता है वहीं दुनिया को मिठास प्रदान करता है। इसका अभी तक कोई विकल्प नहीं है। ब्राजील गन्ना उत्पादन में विश्व में नंबर एक है। अधिक जानकारी मेरे ब्लाग पर पढ़े।
लैंटाना एक बहुवर्षीय अमरिका एवं अफ्रीका से आया हुआ विषैला पौधा है जो भारत में तेजी से फैल रहा है। इसके फल बच्चे, पक्षी एवं जीवों के लिए हानिकारक होते हैं। इसके बारे में विस्तार से मेरे ब्लाग पर पढ़े।
बील जिसे बेलपत्र कहते हैं एक धार्मिक पौधा है जिसका उपयोग शूगर, टीबी, गुर्दे की बीमारी, लिवर की बीमारी एवं खून को साफ करने में होता है। जिनके पेट में गैस बने या एलर्जी हो उन्हें यह वर्जित है। विस्तार से मेरे ब्लाग पर पढ़े।
मिर्च एक विटामिन सी से परिपूर्ण, वार्षिक शाक एवं स्पाइस है जिसका रंग हरा, पीला व लाल तथा आकार लंबा, गोल व छोटा हो सकता है। यह पेट के रोग, शीतलता प्रदान करने वाली, हृदयघात से बचाने वाली, शूगर एवं कोलस्ट्राल पर काबू करती है। विस्तार से मेरे ब्लाग पर पढे।
खरींटी एक वार्षिक शाक होती है जो कपास कुल का पौधा है। इसके पीले फूल एवं फल में बीज बनते हैं जिनका तेल अति कारगर होता है। वात, पित एवं कफ रोगों में रामबाण खरींटी के विषय में मेरे ब्लाग पर विस्तार से पढ़े।
तिल अफ्रीका एवं भारत की उत्पत्ति है जिसमें सबसे अधिक तेल मिलता है। भूरा, सफेद, काला तथा सुनहरी कई रंगों में मिलता है जो हृदय रोगों, कैंसर आदि से बचाता है। अधिक जानकारी मेरे ब्लाग पर पढ़े।
बकायन नामक नीम से मिलता जुलता पौधा जहरीला होता है। इसके फल एवं पत्ते मनुष्य प्रयोग करे तो उल्टी एवं दस्त लग सकते हैं। इसके बीज का तेल दवाओं में काम आता है वहीं छायादार एवं सजावटी पौधा कहलाता है। इसे मनकों वाला पौधा कहते हैं। विस्तार से मेरे ब्लाग पर पढ़े।
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