Thursday, February 06, 2020

मां कहां रहती है?
**************************************
 ****************************************
मां ने अपनी छोटी सी बच्ची को बताया कि तुम्हारी बूढ़ी मां अब स्वर्गलोक चली गई और अब मिलने नहीं आएगी। तभी बच्ची ने सहसा पूछा-तो बूढ़ी मां अब कहां रहती है? मां ने बच्ची को बताया कि अब वो स्वर्ग नामक जगह पर रहती है जहां से कोई नहीं आता और उस जगह को जीवित रहकर देख पाना असंभव है। बच्ची ने यह सुनकर राहत की सांस ली। दोनों की आंखों में आंसू भर आए।
**होशियार सिंह, लेखक,कनीना,हरियाणा**


ताई ताऊ संवाद 

***********************
**************************
ताई बोली ताऊ से......
सर्दी के दिन बीत रहे हैं
अब आएगी गर्मी सुहानी
फिर गर्मी में बादल उमड़े
लाएंगे वो बरसात सुहानी।
ताऊ बोला ताई से.........
सर्दी के दिन  अब  बीतेंगे
लगने जा रहे मेले पर मेले
खेलकूद  जगह जगह होते
नौजवान लगते है अलबेले,
धरती पर  सरसों पकी हुई
आ रहे सिर पर होली खेल
सरसों की जब कटाई होगी
जन हो जाएंगे सब रेलमपेल।
**होशियार सिंह, लेखक,कनीना,हरियाणा**

अत्याचार 

**********************
************************
खूब हो रहे अत्याचार
खत्म हो  रहा है प्यार
एक शरीफ  इंसान के
दुमन होते  कई हजार,
भीख मांगते गली गली
धन दौलत रखे बेशुमार
जगह जगह चर्चा होती
दुख पश्चात आए बहार,
खेल-खेल में दगा देते
जगत की रीत पुरानी है
लुट रहे  बेईमान देखों
करते रहते  मनमानी है,
नहीं कोई लगता साथी
हाथ लिए फिरते लाठी
अपने ही अपनों खातिर
बन जाते हैं उनके घाती।
**होशियार सिंह, लेखक,कनीना,हरियाणा**

रोना

*******************
**************************
रो रहा अनाथ बालक
टूटकर गिरा  खिलौना
बच्चे का टूटा खिलौना
जीवन में  पड़ता  रोना,
भगवान भी लेते परीक्षा
हो जाता है इंसान फेल
हंसकर या  रोकर बीते
जीवन के होते है खेल,
किसका क्या बिगाड़ा है
जो यह सजा उनको दी
बचपन में मां बाप छीने
दुख दर्द  में बस यूं जी,
इंसाफ बताते हैं जग में
पर क्या है  यह इंसाफ
मैं कहलाता  बालक हूं
प्रभु आकर ये दुख माप।
**होशियार सिंह, लेखक,कनीना,हरियाणा**

No comments: