Thursday, June 18, 2020

दोहा सृजन
शब्द-वीर जवान
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1.
कण कण माटी में भरा, भारत वीर जवान।
तब ही कहते हैं सभी, लगता देश महान।।
2.
बहा बहा निज खून वो, बना रहे पहचान।
सदा नाम से रोशनी, भारत वीर जवान।।
3.
सीने पर खा गोलियां, करे जान कुर्बान।
वीर जवानों से बने, भारत मॉँ की शान।।
4.
पूरा जग है पूजता, होते भारत शान।
हरदम सेवा में रहे, भारत वीर जवान।।
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स्वयं रचित, नितांत मौलिक रचना
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*होशियार सिंह यादव
कनीना, जिला महेंद्रगढ़ हरियाणा
09416348400


जरा सुनो
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आदर भाव से घर आये मेहमान की सेवा करके समस्त पुण्य अर्जित किये जा सकते हैं। यूं मेहमान नवाजी पुण्य का काम है।
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  दोहा
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1.
रहे सदा ही पेड़ पर, नाम पड़ा है मोर।
पीहू पीहू शोर को, सुने सदा चितचोर।।

2.
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दिल में जिसके जोश है, रखे काम से प्यार।
हिम्मत रखता पास में, कहे जग कलाकार।।

3.
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करता आया चीन भी, भारत से ही घात।
देखे मौका देश अब, करना है प्रतिघात।।





नमन राष्ट्र
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दे गये कुर्बानी ना मांगा मोल,
जीवन वीरों का  है अनमोल,
मातृभूमि पर लुटाते जान भी
रह जाते हैं बस उनके बोल।

कभी नहीं झुका उनका शीश,
बस दिल में बसा था जगदीश,
यादें उनकी बहुत  तड़पाती हैं
दिल में आ नभ में छा लाती हैं।

शत-शत नमन वीरों को आज,
भारत मां के होते वो  सरताज,
जब तक जहां दिल परे है राज,
हर देशवासी को उन पर नाज।।
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*होशियार सिंह यादव
शहीदों को नमन
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दे गये कुर्बानी ना मांगा मोल,
जीवन वीरों का  है अनमोल,
मातृभूमि पर लुटाते जान भी
रह जाते हैं बस उनके बोल।

कभी नहीं झुका उनका शीश,
बस दिल में बसा था जगदीश,
यादें उनकी बहुत  तड़पाती हैं
दिल में आ नभ में छा लाती हैं।

शत-शत नमन वीरों को आज,
भारत मां के होते वो  सरताज,
जब तक जहां दिल परे है राज,
हर देशवासी को उन पर नाज।।
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*होशियार सिंह यादव
कनीना, जिला महेंद्रगढ़ हरियाणा




विषय-मीत
विधा-गजल
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आ जाओ पुकारे मीत मेरे
होठों पर सजे हैं गीत तेरे।

जब भी पुकारा बसे मन में
एक एक जाये दिन बीत मेरे,

राह कब तक तकता रहूं यूं
दिल में बसो बन संगीत मेरे,

तेरे बिन नहीं रहा जाये कभी
आ जाओ बन के प्रीत मेरे।
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