ठंड
ठंड पड़े अब जोर से,
ले लो अपनी रजाई।
गर्म समोसे चाय संग,
खा लेना बहना भाई।।
सर्दी जुकाम लगे तो,
तुलसी चाय बनाओ।
अदरक,लोंग डाल के,
जमके भोग लगाओ।।
**डा. होशियार सिंह
कनीना,महेंद्रगढ़,हरि.
औरत
औरत देती आई है जग को पैगाम,
परिवार का कर सकती ऊंचा नाम।
परिश्रम कर सकती है सुबह शाम,
इच्छा हो तो घर को बना दे धाम।।
ठान ले अगर कर दे दिन की रात,
चाहे तो वो कर दे घर बुरे हालात।
चाहे तो धन को आलिंगन कर ले,
वरना चाहे दौलत को मार दे लात।।
***डा. होशियार सिंह यादव***
विश्व रिकार्डधारक, कनीना*****

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