Tuesday, December 02, 2025

            तीतर
जंगल में मिलने वाला,



गोरे रंग का तीतर होता।
कर रहे हैं शिकार लोग,
अपने दर्द को यह रोता।।
कीटों को खाने वाला है,
किसान का रखवाला है।
करों सुरक्षा इनकी प्यारे,
उस दाता ने इसे पाला है।।
**डा. होशियार सिंह यादव
कनीना,महेंद्रगढ़,हरियाणा**

           नीलगाय
कृषक दुश्मन, दुर्घटना कारक,
यह नीली गाय कहलाती है।
दुर्घटना में बहुत वाहन टूटते,
पर नीलगाय तो बच जाती है।।
एक जगह रात को ये बैठती,
फसल को पल में करे बर्बाद।
सर्दी गर्मी दर्द देती कृषक को,
वन में घूमती फिरती आजाद।।
**डा. होशियार सिंह यादव,
कनीना, महेंद्रगढ़, हरियाणा

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